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Tuesday, February 10, 2015

हवा--

कितना कुछ बदल गया था उनके मोहल्ले में | नुक्कड़ पर खड़े आवारा लड़के कब किसके साथ छेड़खानी कर दें , मारपीट कर दें , कोई भरोसा नहीं रह गया था | पिछले हफ्ते ही उन्होंने टोका था उन लड़कों को तो उन्होंने धमकाते हुए कहा था " इसी तरह फ़टे में टाँग अड़ाओगे तो सोच लेना , आप की भी लड़की है "| कितने सालों तक पूरी ईमानदारी से पढ़ाया था उन्होंने छात्रों को कालेज में | और उनके साथ ही ऐसा सलूक , सोच भी नहीं सकते थे |
पर आज वो बहुत पेशोपेश में पड़ गए थे | इन लड़कों को तो सजा मिलनी ही चाहिए , पर उनका अपना स्वभाव | आख़िरकार लड़कों की जिम्मेदारी लेते हुए उन्होंने मामला रफा दफा करा दिया | नुक्कड़ तो अब भी वहीं था बस वहां से चलने वाली हवा अब बदल गयी थी |

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