हम तो समझे थे ,
हवाएँ खामोश नहीं होतीं ,
लेकिन इन सन्नाटों को देखकर ,
अब महसूस होने लगा है कि ,
वक़्त बेवक़्त चलने वालीं हवाएँ ,
कभी कभी ख़ामोशी की शक्ल में ,
आने वाले तूफान की आहट दे देती हैं !!
हवाएँ खामोश नहीं होतीं ,
लेकिन इन सन्नाटों को देखकर ,
अब महसूस होने लगा है कि ,
वक़्त बेवक़्त चलने वालीं हवाएँ ,
कभी कभी ख़ामोशी की शक्ल में ,
आने वाले तूफान की आहट दे देती हैं !!
No comments:
Post a Comment